
इस पावन स्थल का इतिहास आज से लगभग 500 वर्ष पूर्व का है, जब कलियुग पावनकारी श्रीमन् महाप्रभु चैतन्य द…

झारखंड में भी दामोदर नदी ,दक्षिण कोयल , सुबर्णरेखा आदि नदियों सहित कई महत्वपूर्ण क्षेत्रीय नालों एवं…

नृत्य की दृष्टि से देखें तो कजरी में अत्यधिक शास्त्रीय जटिलता की अपेक्षा भावप्रधानता और सहज अभिव्यक्…

रांची आने के बाद आकाशवाणी में अपनी रचनाओं के साथ हाजिरी लगाने लगे। यहीं पर उस समय के जाने-माने कथाक…

पिता की डायरी में मुकदमे की तारीखें हैं दूध और चाय- चीनी - पत्ती के खर्चो के ब्यौरे नेवता - पेहानी…

जीवन के 87 वसंत देख चुके प्रोफेसर सुमित सरकार (1939 – 2026) इस फानी दुनिया से विदा हुए। वह हमारे आधु…

झारखंड के कई भूभाग करोड़ों साल पहले समुद्र के नीचे था यानी यहां भी सागर की लहरें उमड़ती थीं। इसमें झार…

गोवा। एक जाना-पहचाना नाम, लेकिन परिचय अब हो रहा था। सुबह नाश्ता करने के बाद चल पड़े अपने गंतव्य की ओर…

वस्तुतः औपनिवेशिक इतिहासकारों द्वारा झारखंड को 'अलगाव का क्षेत्र' के रूप में प्रस्तुत किया गया एवं इ…